मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में खजुराहो स्थित महाराजा छत्रसाल कन्वेंशन सेंटर में हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में राज्य के विकास से जुड़े कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक में बुंदेलखंड के औद्योगिक विस्तार, स्वास्थ्य सुविधाओं के उन्नयन, सड़क निर्माण, सिंचाई परियोजनाओं और रोजगार सृजन से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
बुंदेलखंड के लिए बड़ा कदम: सागर में ‘मसवासी ग्रंट’ औद्योगिक क्षेत्र को मंजूरी
कैबिनेट ने बुंदेलखंड क्षेत्र में उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए सागर जिले के “मसवासी ग्रंट इंडस्ट्रियल ज़ोन” को विशेष औद्योगिक पैकेज की स्वीकृति दी।
मुख्य बातें—
₹24,240 करोड़ तक का संभावित निवेश
29,000 से अधिक रोजगार सृजित होने की संभावना
भूमि प्रीमियम व भू-भाटक केवल ₹1/वर्गमीटर
विकास शुल्क 20 वार्षिक किस्तों में जमा करने की सुविधा
स्टाम्प व पंजीयन शुल्क पर 100% रियायत
वाणिज्यिक उत्पादन शुरू होने से 5 साल तक विद्युत शुल्क में छूट
MSME के लिए MSME नीति–2025 और बड़े उद्योगों के लिए उद्योग संवर्धन नीति–2025 लागू
यह पैकेज 5 वर्षों तक प्रभावी
सीमेंट उद्योग इस विशेष पैकेज से बाहर रहेगा।

सागर–दमोह फोरलेन सड़क निर्माण को प्रशासनिक मंजूरी
मंत्रि-परिषद ने 76.68 किमी लंबे सागर-दमोह फोरलेन मार्ग को उन्नत करने के लिए ₹2,059.85 करोड़ की मंजूरी दी।
यह परियोजना हाइब्रिड एन्युटी मॉडल (HAM) पर विकसित की जाएगी।
परियोजना के मुख्य घटक—
लागत का 40% MPRDC द्वारा वहन किया जाएगा
शेष 60% राशि 15 वर्ष तक अर्ध-वार्षिक एन्युटी के माध्यम से
भू-अर्जन के लिए अलग से ₹323.41 करोड़ का प्रावधान
कुल निर्माण:
13 अंडरपास
3 बड़े पुल
9 मध्यम पुल
1 रेल ओवरब्रिज
13 प्रमुख और 42 मध्यम जंक्शन
दमोह, छतरपुर और बुधनी मेडिकल कॉलेजों में पदों की स्वीकृति
नए सरकारी मेडिकल कॉलेजों के संचालन के लिए—
990 नियमित पद
615 आउटसोर्स पद
को मंजूरी दी गई।
प्रत्येक मेडिकल कॉलेज में—
330 नियमित
205 आउटसोर्स कर्मचारी नियुक्त होंगे।
नौरादेही टाइगर रिजर्व को तीसरे चीता रहवास के रूप में विकसित करने की सैद्धांतिक मंजूरी
कैबिनेट ने सागर स्थित वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व (नौरादेही) को भारत के तीसरे चीता आवास के रूप में विकसित करने की सहमति दी।
वर्तमान चीता आवास—
कूनो राष्ट्रीय उद्यान (श्योपुर): 28 चीते
गांधी सागर अभयारण्य (मंदसौर): 2 चीते
जनवरी 2026 में बोत्सवाना से 8 और चीतों के आने की संभावना
तेंदूखेड़ा (दमोह) में ₹165.06 करोड़ की झापन नाला सिंचाई परियोजना को मंजूरी
इस परियोजना से—
17 गांवों को लाभ
3600 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा
बुंदेलखंड के जल संकट वाले क्षेत्र में बड़ी राहत
11 जिलों की 12 स्वास्थ्य सुविधाओं का उन्नयन
कैबिनेट ने कई अस्पतालों को अपग्रेड करने और नए पद सृजित करने की मंजूरी दी।
मुख्य उन्नयन—
नीमच: भादवामाता उपस्वास्थ्य केंद्र → 30 बिस्तरीय CHC
मक्सी (शाजापुर): 6 बिस्तरीय PHC → 50 बिस्तरीय सिविल अस्पताल
उज्जैन (जीवाजीगंज), खंडवा (ओंकारेश्वर): 20 से 50 बिस्तर
अजयगढ़, महेश्वर, देवसर, हनुमना: 30 से 50 बिस्तर
भीमपुर, चितरंगी, कोतमा: 30 से 100 बिस्तर
बीना (सागर): 50 से 100 बिस्तर
कुल स्वीकृति—
345 नियमित पद
3 संविदा
136 आउटसोर्स कर्मचारी
वार्षिक व्यय: ₹27.17 करोड़
पिछड़ा वर्ग के 600 युवाओं को रोजगार के लिए जापान और जर्मनी भेजने का निर्णय
– सोशल इम्पैक्ट बॉन्ड मॉडल के तहत
– 2 वर्षों में OBC वर्ग के 600 युवाओं को अंतरराष्ट्रीय कौशल आधारित रोजगार के लिए चयनित किया जाएगा।
अग्निशमन सेवाओं के आधुनिकीकरण के लिए ₹397.54 करोड़ की स्वीकृति
15वें वित्त आयोग की अनुशंसा अनुसार—
75% राशि केंद्र सरकार: ₹297.15 करोड़
25% हिस्सा राज्य सरकार: ₹100.38 करोड़
पूरे प्रदेश में फायर सेवाओं को आधुनिक उपकरण, नवीन वाहन और उच्च स्तरीय सुरक्षा साधन उपलब्ध कराए जाएंगे।