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ब्याह की उम्मीद में सफ़ेद हो गए बाल

भारत में कई गांव अपनी अनोखी पहचान के कारण चर्चा में रहते हैं। कहीं परंपराएं अलग होती हैं, तो कहीं हालात। बिहार में स्थित एक गांव ऐसा भी है, जिसे लोग “कुंवारों का गांव” कहकर जानते हैं। यहां के युवकों की उम्र ढलती जा रही है, लेकिन विवाह अब भी अधूरा सपना बना हुआ है।

बरवां कलां: कुंवारों की पहचान वाला गांव

बिहार की राजधानी पटना से लगभग 300 किलोमीटर दूर स्थित बरवां कलां गांव पिछले कई दशकों से इसी वजह से पहचाना जाता है। गांव में करीब 50 वर्षों से शादियां न के बराबर हुई हैं। यह स्थिति किसी सामाजिक प्रतिबंध या युवाओं की अनिच्छा के कारण नहीं, बल्कि सुविधाओं की कमी की वजह से बनी है।

शादी की चाह है, रिश्तों की कमी

गांव के युवक शादी करना चाहते हैं, परिवार भी प्रयास करता है, लेकिन रिश्ते आगे नहीं बढ़ पाते। आसपास के गांवों से जब रिश्ते की बात होती है, तो हालात देखकर लड़की पक्ष पीछे हट जाता है। लोगों का कहना है कि गांव की स्थिति देखकर कोई भी अपनी बेटी यहां भेजने को तैयार नहीं होता।

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सुविधाओं की कमी बनी सबसे बड़ी बाधा

बरवां कलां में पक्की सड़क, बेहतर शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं और रोजगार जैसी मूलभूत सुविधाओं का भारी अभाव है। गांव की आर्थिक स्थिति भी कमजोर है। रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना ही यहां संघर्ष का विषय बना रहता है, ऐसे में शादी जैसे फैसले मुश्किल हो जाते हैं।

2017 में गूंजी थी शहनाई, फिर छा गया सन्नाटा

कई सालों की खामोशी के बाद साल 2017 में एक युवक की शादी जरूर हुई थी। उस समय पूरे गांव में उत्सव जैसा माहौल था और लोगों को उम्मीद जगी थी कि हालात बदलेंगे। लेकिन यह खुशी ज्यादा दिन टिक नहीं सकी। इसके बाद फिर गांव में शादियों का सन्नाटा लौट आया।

उम्र बढ़ती गई, कुंवारापन बना मजबूरी

आज भी गांव के कई युवक अधेड़ उम्र तक पहुंच चुके हैं, लेकिन अविवाहित हैं। उनका कहना है कि अगर गांव में सड़क, स्कूल, अस्पताल और रोजगार के साधन होते, तो हालात कुछ और होते। वे मानते हैं कि बदलाव के बिना उनकी स्थिति में सुधार संभव नहीं।

विकास के बिना नहीं टूटेगा यह सिलसिला

बरवां कलां की कहानी सिर्फ एक गांव की नहीं, बल्कि ग्रामीण भारत की उन सच्चाइयों को दिखाती है जहां विकास की कमी सामाजिक जीवन को भी प्रभावित करती है। जब तक बुनियादी सुविधाएं नहीं पहुंचतीं, तब तक इस गांव की पहचान “कुंवारों के गांव” के रूप में ही बनी रहने की आशंका है।


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